Ashoka time’s….7 November 25
आज राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय चोरास में नशा उन्मूलन के प्रति जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से एक विशेष नुक्कड़ नाटक और रैली का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में विद्यालय के सभी अध्यापकों और विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
यह कार्यक्रम हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा संचालित “एस.ए.आर.” (Substance Abuse Reduction) अभियान के अंतर्गत आयोजित किया गया, जिसके तहत प्रदेश भर के विभिन्न विद्यालयों में शिक्षकों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि वे समाज और विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से सचेत कर सकें।
विद्यालय प्रांगण में आयोजित नुक्कड़ नाटक में छात्रों ने अपने अभिनय के माध्यम से यह संदेश दिया कि नशा न केवल व्यक्ति के जीवन को बर्बाद करता है, बल्कि परिवार और समाज की बुनियाद को भी कमजोर करता है। नाटक के माध्यम से छात्रों ने यह भी दिखाया कि कैसे एक छोटी सी लत धीरे-धीरे व्यक्ति को आर्थिक, मानसिक और सामाजिक रूप से तोड़ देती है।
रैली के दौरान छात्रों ने हाथों में नारे लिखी तख्तियां लेकर पूरे क्षेत्र में “नशा छोड़ो, जीवन जोड़ो”, “स्वस्थ युवा, सशक्त भारत”, और “नशे से दूरी ही है समझदारी” जैसे संदेशों के नारे लगाए।
विद्यालय के प्रधानाचार्य ने इस अवसर पर कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम समाज के लिए अत्यंत आवश्यक हैं। उन्होंने बताया कि ऐसे अभियानों से युवाओं में सही दिशा में सोच विकसित होती है और वे समाज में जिम्मेदार नागरिक के रूप में अपनी भूमिका निभाने के लिए प्रेरित होते हैं।
प्रधानाचार्य ने सरकार के इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि “एस.ए.आर. अभियान ने शिक्षा संस्थानों को एक नई जिम्मेदारी सौंपी है — केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि जीवन मूल्य सिखाने की भी।”
कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों और अध्यापकों ने सामूहिक शपथ ली कि वे स्वयं नशे से दूर रहेंगे और दूसरों को भी इससे दूर रहने के लिए प्रेरित करेंगे। स्थानीय लोगों ने भी विद्यालय द्वारा आयोजित इस जागरूकता रैली की सराहना की और कहा कि ऐसे प्रयासों से ही समाज में सकारात्मक परिवर्तन संभव है।

